
सालडागा में अधूरा सामुदायिक भवन और जर्जर नालियों को लेकर लोगों में आक्रोश, जांच की मांग
रानीगंज। रानीगंज नगर निगम के बोरो अंतर्गत वार्ड संख्या 88 के सालडागा स्थित बजरंग क्लब को सामुदायिक भवन में परिवर्तित करने की योजना तथा नाली निर्माण एवं मरम्मत कार्य को लेकर स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है। मोहल्लेवासियों ने आरोप लगाया है कि विकास कार्यों में अनियमितता हुई और लाखों रुपये के भ्रष्टाचार की निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए।
स्थानीय लोगों के अनुसार करीब नौ लाख रुपये की लागत से तत्कालीन पार्षद नेहा साव के कार्यकाल में बजरंग क्लब को सामुदायिक भवन में बदलने का कार्य शुरू कराया गया था, लेकिन निर्माण पूरा नहीं किया गया। उनका कहना है कि योजना शुरू होने से पहले स्थानीय लोगों को विश्वास में नहीं लिया गया। जब लोगों ने योजना की जानकारी और उद्देश्य पर सवाल उठाए तो विवाद की स्थिति उत्पन्न हो गई। आज भी भवन अधूरा पड़ा है, जिससे सरकारी धन के उपयोग पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
मोहल्लेवासियों का कहना है कि बजरंग क्लब रानीगंज के ऐतिहासिक महावीर अखाड़ा से जुड़ा हुआ है और उसकी अपनी सामाजिक एवं सांस्कृतिक पहचान है। उनका आरोप है कि स्थानीय लोगों की इच्छा के विरुद्ध इसे सामुदायिक भवन में बदलने का प्रयास किया गया, जिसका क्षेत्र में विरोध भी हुआ था।
भाजपा कार्यकर्ता रवि केसरी ने आरोप लगाया कि तत्कालीन पार्षद के कार्यकाल में क्षेत्र के विकास कार्यों की लगातार उपेक्षा की गई। उनका कहना है कि पिछले लगभग 15 वर्षों में नालियों का न तो समुचित निर्माण हुआ और न ही समय पर मरम्मत कराई गई। इसके कारण अधिकांश नालियां जर्जर हो चुकी हैं और जलनिकासी की गंभीर समस्या बनी हुई है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कई निर्माण कार्य मनमाने ढंग से कराए गए तथा विभिन्न स्थानों पर लोगों से अवैध वसूली की गई। इन आरोपों की स्वतंत्र जांच कराए जाने की मांग भी उन्होंने की।
स्थानीय लोगों का कहना है कि काफी प्रयासों के बाद क्षेत्र में सीमेंट-कंक्रीट सड़क का निर्माण हुआ, लेकिन एक वर्ष के भीतर ही सड़क टूटने लगी, जिससे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर भी प्रश्नचिह्न लग रहे हैं।
दूसरी ओर सफाई कर्मियों का कहना है कि वे नियमित रूप से क्षेत्र की सफाई करते हैं, लेकिन टूटी नालियों और जर्जर आधारभूत संरचना के कारण उन्हें कार्य करने में कठिनाई होती है। उनका कहना है कि वर्तमान मंत्री अग्निमित्रा पाल की स्वच्छता एवं विकास संबंधी योजनाओं को सफल बनाने के लिए वे लगातार प्रयासरत हैं, लेकिन इसके लिए पहले बुनियादी सुविधाओं में सुधार आवश्यक है।
मोहल्लेवासियों ने कहा कि वे स्वच्छता और विकास कार्यों में पूरा सहयोग देने को तैयार हैं, लेकिन सबसे पहले जर्जर नालियों की मरम्मत, जलनिकासी व्यवस्था में सुधार तथा अधूरे सामुदायिक भवन का निर्माण पूरा कराया जाना चाहिए।
स्थानीय निवासियों ने मांग की है कि सामुदायिक भवन पर अब तक कितना खर्च हुआ, स्वीकृत योजना क्या थी, निर्माण कार्य अधूरा क्यों छोड़ दिया गया तथा वार्ड में विकास कार्यों पर कितनी राशि खर्च की गई, इसकी पूरी जानकारी सार्वजनिक की जाए। साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही तय करने की भी मांग की गई है।